�� Online shopping Info �� All types of letest tech Info update is provided hare (tech,shopping,auto,movie,products,health,general,social,media,sport etc.) Online products Shopping

test

Breaking

Post Top Ad

Your Ad Spot

Friday, December 18, 2020

नेहरूनगर से टाटीबंध तक जहां फ्लाईओवर निर्माण वहां पीकऑवर में जाम, सफर आधा घंटा लंबा हुआ

नेहरूनगर से टाटीबंध की दूरी 28.1 मीटर है। ट्रैफिक विभाग के सर्वे के मुताबिक इस दूरी को तय करने के लिए अधिकतम 39 मिनट का समय लगना चाहिए। इसकी दैनिक भास्कर की टीम पड़ताल की। ग्राउंड जीरो पर जाकर रिपोर्टिंग की।

नेहरूनगर से रायपुर व वापसी के समय का समय काउंट किया। इसमें पता चला कि करीब 58 मिनट का समय लग रहा है। मार्ग पर रोजाना चंद्रा-मौर्या टाकीज, भिलाई पावर हाउस, डबरा पारा और कुम्हारी में चार फ्लाई ओवर बन रहे हैं।

इसका असर यह है कि ड्यूटी जाने व वापसी के समय पर रोजाना जाम लग रहा है। सुबह 10.15 से लेकर दोपहर 12.40 तक और शाम को 4.55 से लेकर 7.23 तक इन चारों स्थानों पर लोगों को मार्ग से गुजरने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है।

मार्ग पर कोई वैकल्पिक इंतजाम नहीं है। न ही गुजरने वालों को इस बारे में जानकारी है। इस वजह से आए दिन जाम लग रहा है। दिन में एक बार डेढ़ से दो घंटे तक का जाम मार्ग पर लग रहा है। भास्कर की टीम ने शुक्रवार को मौके पर जाकर परेशानी को समझने का प्रयास किया। फिलहाल नवंबर 2021 से पहले राहत की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है।

एक बार जाम लगा तो क्लीयर करने में लगता है आधे घंटे का समय

भास्कर की टीम ने मौके पर पहुंचकर अलग-अलग चौक पर खड़े ट्रैफिक पुलिस के जवानों से बात की। बताया कि निर्माणाधीन फ्लाइओवर के पास डबरा में ही यदि जाम लग जाए तो कम से कम 30 से 35 मिनट उसे क्लीयर करने में लगते हैं। चंद्रा-मौर्या में भी कमोवेश इतना ही समय लगता है, लेकिन कुम्हारी में जाम लग जाए तो उसे क्लीयर करने में कम से कम 40 से 45 मिनट लग जाते हैं। सुबह व शाम के समय जाम लगना तय है। कई बार बाकी समय भी ऐसी स्थिति बनती है।

जुलाई 2021 से पहले राहत नहीं : कोई वैकल्पिक इंतजाम नहीं, न ही किसी का ध्यान

डबरापारा, सुबह 10:33 बजे


कंस्ट्रक्शन जारी, नहीं है सर्विस लेन

580 मीटर लंबाई
1.10 मिनट लगना चाहिए
4.35 मि. लग रहा पार करने में

इसलिए हो रही परेशानी: अग्रहरि भवन से लेकर रेलवे ओवर ब्रिज तक फ्लाइ ओवर बनाया जा रहा। यहां पर सर्विस लेन ही नहीं है। मेन लेन से ही लोगों को आना जाना होता है। दोनों तरफ डबरा पारा बस्ती है। इन दिनों रेलवे ओवरब्रिज के दोनों तरफ चौड़ीकरण का काम चल रहा है। इस वजह से दिक्कतें अधिक है।

चंद्रा-मौर्या टॉकीज, शाम 06:22


आस-पास है व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स

1577 मीटर लंबाई
3.25 मिनट लगना चाहिए
9.15 मि. लग रहा पार करने में

इसलिए हो रही परेशानी: मजार से लेकर दक्षिण गंगोत्री सुपेला तक फ्लाइ ओवर बनाया जा रहा। चंद्रा-मौर्या टॉकीज के पास सर्विस लेन है। यहां पर एक तरफ टॉकीज और व्यावसायिक काम्पलेक्स हैं तो दूसरी और रहवासी इलाका। भिलाई नगर निगम, ट्रैफिक पुलिस दफ्तर समेत आकाशगंगा, थोक मार्केट आदि भी हैं।

कुम्हारी, सुबह 11:40 बजे


सड़क सकरी, वैकल्पिक इंतजाम नहीं

600 मीटर लंबाई
1.20 मिनट लगना चाहिए
7.35 मि. लग रहा पार करने में

इसलिए हो रही परेशानी: कुम्हारी में स्टेट बैंक एटीएम से लेकर पुराने डीएमसी तक फ्लाइ ओवर बन रहा। पूर्व की ओर खारुन नदी है। दक्षिण में रेलवे स्टेशन और उत्तर में कुम्हारी बस्ती है। सर्विस लेन 5 फीट चौड़ा है। यहां बॉटल नेक जैसी स्थिति है। सबसे अधिक जाम इसी जगह पर लग रहा है।

ग्राउंड जीरो से रिपोर्ट में सच कुछ ऐसा है : ट्रैफिक विभाग का सुझाव बेनतीजा

दैनिक भास्कर की टीम ने नेहरूनगर से लेकर टाटीबंध तक का जायजा लिया। इसमें पाया कि फ्लाईओवर निर्माणाधीन स्थलों पर सामान्य स्थिति में 20 किलोमीटर प्रतिघंटे और सघन ट्रैफिक वाले समय में 7 से 8 किलोमीटर प्रतिघंटे की अधिकतम चाल से ही चल सकते हैं। कुम्हारी में जहां 600 मीटर की दूरी तय करने में 40 किमी प्रति किलोमीटर की दर से अधिकतम सवा मिनट लगना चाहिए, लेकिन यहां लगभग साढ़े सात मिनट लगा। इसी तरह चंद्रा-मौर्या टॉकीज से सुपेला जाने में सवा नौ मिनट लगे।

डबरापारा व कुम्हारी में नहीं कोई इंतजाम, बड़ी दिक्कतें

नेहरूनगर से टाटीबंध के बीच पॉवर हाउस व चंद्रा-मौर्या के पास वैकल्पिक इंतजाम हैं, लेकिन डबरापारा व कुम्हारी में कहीं किसी प्रकार का इंतजाम नहीं है। न ही ट्रैफिक को कहीं डायवर्ट किया जा सकता। इसका सबसे बड़ा कारण है कि डबरा पारा सर्विस लेन नहीं है। यहां पर अभी तक रेलवे ब्रिज के अगल-बगल का चौड़ीकरण का काम चल रही है। कुम्हारी में सिर्फ 5 फीट चौड़ा सर्विस लेन है। ट्रैफिक पुलिस के सर्वे में भी इस बात की पुष्टि हुई है।

आप चाहें तो इन विकल्पों से कर सकते हैं आवाजाही, नहीं मिलेगा ट्रैफिक

मरोदा से फुंडा होकर: दुर्ग से यदि रायपुर जाना चाहते हैं तो दुर्ग से पद्मनाभपुर होते हुए फारेस्ट एवेन्यु, डीपीएस स्कूल चौक, रिसाली, मरौदा, उतई, सेलूद, फुंडा, होते हुए अमलेश्वर, महादेव घाट होते हुए रायपुर जा सकते हैं।
भिलाई-3 सिरसा गेट से मोतीपुर: भिलाई-3 सिरसा गेट से सोमनी, गनियारी, पचपेड़ी, करसा, घुघुवा, राखी, मोतीपुर, अमलेश्वर महादेव घाट होते हुए रायपुर जा सकते हैं।
कुम्हारी चौक से अहिवारा मुरमुंदा के रास्ते: दुर्ग से चिखली, नंदकट्टी, बासिन, जामुल, खेदामारा सब स्टेशन, गोढ़ी, चेटवा, मुरमुंदा और कुम्हारी होते हुए रायपुर जा सकते हैं। चाहें तो जामुल के बाद ट्रांसपोर्ट नगर हथखोज से होते हुए जरवाय, उमदा, ड्रीम सिटी होते हुए सिरसा गेट चौक।


सीधाी बात - गोविंद अहिरवार, एसडीओ एनएचएआई

आरओडब्ल्यू के नीचे से गुजरना है वाहन

इन दिनों नेशनल हाईवे में चार फ्लाइओवर निर्माणाधीन है। क्या पहले वैकल्पिक मार्ग पर विचार किया गया था?

वैकल्पिक मार्गों पर विचार किया गया था, लेकिन हमें आरओडब्ल्यू के नीचे से ही ट्रैफिक को निकालना है। हमारे पास कोई जस्टीफाई रूट नहीं है।

कुछ मार्ग हैं उन पर विचार किया गया क्या?

डबरापारा हो या फिर कुम्हारी दोनों तरफ बिल्डअप एरिया है। सिरसागेट में सोमनी की ओर अंडरब्रिज है। यहां पर टर्न होने की वजह से दिक्कत होती है।

क्या काम जुलाई 2021 तक पुरा हो जाएगा।

कोविड-19 के कारण काम प्रभावित हुआ है। ऐसी स्थिति में जुलाई 2021 तक नहीं है।




Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/34Imlun

No comments:

Post a Comment

Post Top Ad

Your Ad Spot

Pages